शिव पुराण में बताए गए हैं शिवजी के मूल मंत्र, इनके जाप से खुल जाते हैं बंद किस्मत के कपाट

[ad_1]

Shiv Puran Lord Shiva Niti in Hindi: हिंदू धर्म में 18 महापुराणों का वर्णन मिलता है, जिसमें शिवपुराण को सबसे अधिक प्रचलित और सबसे अधिक पढ़ा जाने वाला ग्रंथ माना जाता है. इसमें भगवान शिव की गाथा, महिमा, विभिन्न रूप, ज्योतिर्लिंग और कथा-कहानियों का वर्णन किया गया है. साथ ही शिव पुराण में ऐसे मंत्रों के बारे में भी बताया गया है, जिसके जाप से शिवजी शीघ्र प्रसन्न होते हैं और उनकी कृपा से सभी समस्याएं दूर हो जाती हैं.

शिवजी को देवों का देव महादेव कहा गया है. हिंदू धर्म में भगवान शिव सबसे अधिक पूजे जाने वाले देव हैं. सरल विधि से की गई पूजा से भी भोलेनाथ प्रसन्न हो जाते हैं, क्यों महादेव भोग नहीं भक्तों का भाव देखते हैं. नवग्रहों पर भी शिव का आधिपत्य होता है, इसलिए शिव की अराधना से सभी ग्रह भी अनुकूल रहते हैं.

शिव पुराण में भगवान शिव के मूल मंत्रों के बारे में बताया गया है. यह मंत्र भक्तों के लिए शिवजी के आशीर्वाद प्राप्ति का मार्ग है. इन मंत्रों के जाप से न सिर्फ कष्ट दूर होते हैं बल्कि साधक को शांति और सद्गति भी मिलती है. आइये जानते हैं शिव पुराण के अनुसार, महादेव के मूल मंत्रों के बारे में-

आरोग्य प्राप्ति के लिए: शिव पुराण के अनुसार ‘ॐ नमः शिवाय’ भगवान शिव का प्रभावशाली मंत्र है, जिसके प्रतिदिन जाप से शरीर हमेशा रोग मुक्त रहता है और आयोग्य की प्राप्ति होती है.
मनोकामना पूर्ति के लिए:ॐ नमो भगवते रुद्राय नमः’ शिवजी का रुद्र मंत्र है, जिसके प्रतिदिन जाप से साधक की सभी मनोकामनाएं पूरी होती हैं.
लंबी आयु के लिए: महादेव का महामृत्युंजय मंत्र ‘ॐ त्र्यंबकं यजामहे सुगन्धिं पुष्टि वर्धनम्। ऊर्वारुकमिव बन्धनान् मृत्योर्मुक्षीय मामृतात्॥’ को भी बहुत ही प्रभावशाली मंत्र माना जाता है. इसके जाप से अकाल मृत्यु का भय नहीं रहता.
आर्थिक तंगी दूर करने के लिए: शिव गायत्री मंत्र ‘ॐ तत्पुरुषाय विदमहे, महादेवाय धीमहि तन्नो रुद्र: प्रचोदयात्।’ को वैदिक ज्योतिष में सुख-समृद्धि की प्राप्ति वाला मंत्र माना जाता है. प्रतिदिन इसका जाप करने से आर्थिक स्थिति मजबूत होती है.

मंत्र जाप की विधि: शिवजी के मंत्रों का जाप करने वाले साधक के मन में भक्ति और समर्पण का भाव होना चाहिए. इन मंत्रों का जाप रूद्राक्ष की माला से कर सकते हैं, क्योंकि रुद्राक्ष शिवजी को बहुत प्रिय है. साथ ही मंत्रों का जाप करते समय पूर्व या उत्तर दिशा की ओर मुख करके रहे, इस बात का ध्यन रखें. प्रतिदिन 108 बार शिवजी के मंत्र जाप से आपके जीवन में सकारात्मक बदलवा आएंगे.

ये भी पढ़ें: Shiv Puran: इन कामों से आता है शिवजी को गुस्सा, शिव पुराण में बताए गए हैं भोलेनाथ के क्रोध के कारण

Disclaimer: यहां मुहैया सूचना सिर्फ मान्यताओं और जानकारियों पर आधारित है. यहां यह बताना जरूरी है कि ABPLive.com किसी भी तरह की मान्यता, जानकारी की पुष्टि नहीं करता है. किसी भी जानकारी या मान्यता को अमल में लाने से पहले संबंधित विशेषज्ञ से सलाह लें.

[ad_2]

Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *